दिनांक १२ नवंबर २०१७ का पंचांग एवं राशिफल

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***|| जय महाकाल ||***
?? महर्षि पाराशर पंचांग ??
??? अथ पंचांगम् ???

दिनाँक -: 12/11/2017,रविवार
मार्गशीर्ष, कृष्ण पक्ष
नवमी
(समाप्ति काल)

तिथि————-नवमी12:42:49 तक
पक्ष—————————–कृष्ण
नक्षत्र—————मघा11:32:04
योग—————–इंद्रा24:00:28
करण————–गरज12:42:48
करण———–वाणिज24:30:23
वार—————————रविवार
माह————————-मार्गशीर्ष
चन्द्र राशि———————- सिंह
सूर्य राशि————————तुला
रितु निरयन———————शरद
रितु सायन———————हेमन्त
आयन——————-दक्षिणायण
संवत्सर———————हेम्लम्बी
संवत्सर (उत्तर)———–साधारण
विक्रम संवत—————–2074
विक्रम संवत (कर्तक)——-2074
शाका संवत——————1939

सूर्योदय—————–06:38:57
सूर्यास्त——————17:27:25
दिन काल—————10:48:27
रात्री काल————–13:12:17
चंद्रास्त——————13:57:18
चंद्रोदय——————25:43:13

लग्न–तुला 25°44′ , 205°44′

सूर्य नक्षत्र——————विशाखा
चन्द्र नक्षत्र———————–मघा
नक्षत्र पाया———————रजत

??? पद, चरण ???

मे—-मघा 11:32:04

मो—-पूर्वाफाल्गुनी 17:34:02

टा—-पूर्वाफाल्गुनी 23:37:48

टी—-पूर्वाफाल्गुनी 29:43:20

??? ग्रह गोचर ???

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद
=======================
सूर्य=तुला 25 ° 44 ‘ मघा , 4 मे
चन्द=सिंह 10 ° 38’आश्लेषा’ 4 डो
बुध=वृश्चिक,14° 48′ अनुराधा ‘ 4 ने
शुक्र=तुला ’10 ° 23’ स्वाति, 1 रू
मंगल=कन्या18 ° 07 ‘हस्त ‘3 ण
गुरु=तुला 12 ° 48′ स्वाति , 2 रे
शनि=धनु 01 ° 35’ मूल ‘1 ये
राहू=कर्क 25 ° 34 ‘आश्लेषा , 3 डे
केतु=मकर 25 ° 34 ‘धनिष्ठा, 1 गा

???शुभा$शुभ मुहूर्त???

राहू काल 16:06 – 17:27अशुभ
यम घंटा 12:03 – 13:24अशुभ
गुली काल 14:45 – 16:06अशुभ
अभिजित 11:42 -12:25शुभ
दूर मुहूर्त 16:01 – 16:44अशुभ

?गंड मूल06:39 – 11:32अशुभ

?चोघडिया, दिन
उद्वेग 06:39 – 08:00अशुभ
चाल 08:00 – 09:21शुभ
लाभ 09:21 – 10:42शुभ
अमृत 10:42 – 12:03शुभ
काल 12:03 – 13:24अशुभ
शुभ 13:24 – 14:45शुभ
रोग 14:45 – 16:06अशुभ
उद्वेग 16:06 – 17:27अशुभ

?चोघडिया, रात
शुभ 17:27 – 19:06शुभ
अमृत 19:06 – 20:46शुभ
चाल 20:46 – 22:25शुभ
रोग 22:25 – 24:04*अशुभ
काल 24:04* – 25:43*अशुभ
लाभ 25:43* – 27:22*शुभ
उद्वेग 27:22* – 29:01*अशुभ
शुभ 29:01* – 30:40*शुभ

?होरा, दिन
सूर्य 06:39 – 07:33
शुक्र 07:33 – 08:27
बुध 08:27 – 09:21
चन्द्र 09:21 – 10:15
शनि 10:15 – 11:09
बृहस्पति 11:09 – 12:03
मंगल 12:03 – 12:57
सूर्य 12:57 – 13:51
शुक्र 13:51 – 14:45
बुध 14:45 – 15:39
चन्द्र 15:39 – 16:33
शनि 16:33 – 17:27

?होरा, रात
बृहस्पति 17:27 – 18:33
मंगल 18:33 – 19:39
सूर्य 19:39 – 20:46
शुक्र 20:46 – 21:52
बुध 21:52 – 22:58
चन्द्र 22:58 – 24:04
शनि 24:04* – 25:10
बृहस्पति 25:10* – 26:16
मंगल 26:16* – 27:22
सूर्य 27:22* – 28:28
शुक्र 28:28* – 29:34
बुध 29:34* – 30:40

नोट– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार। शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार। अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें। उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें। शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें। लाभ में व्यापार करें। रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें। काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है। अमृत में सभी शुभ कार्य करें।

?दिशा शूल ज्ञान——-पश्चिम
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा केशर खाके यात्रा कर सकते है।
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च। भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय:।।

?अग्नि वास ज्ञान -:

15 + 9 + 1 + 1= 26 ÷ 4 = 2शेष
आकाश पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l

? शिव वास एवं फल -:

24 + 24 + 5 = 53 ÷ 7 = 4 शेष

सभायां = सन्ताप कारक

?भद्रावास एवं फल -:

रात्रि 24:34 से प्रारम्भ

मृत्यु लोक = सर्वकार्य विनाशिनी

???शुभ विचार???

यो नोद्धतं कुरुते जातु वेषं न पौरुषेणापि विकत्थतेन्यान। न मूर्छित: कटुकान्याह किञ्चित् प्रियं सदा तं कुरुते जानो हि।।
।।विo नी o।।

जो कभी उद्यंडका-सा वेष नहीं बनाता, दूसरों के सामने अपने पराक्रम की डींग नही हांकता , क्रोध से व्याकुल होने पर भी कटुवचन नहीं बोलता, उस मनुष्य को लोग सदा ही प्यारा बना लेते हैं।

??दैनिक राशिफल??

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके। नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे। जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत्।।

?मेष
अपेक्षित कार्यों में बाधा संभव है। भागदौड़ रहेगी। शोक समाचार मिल सकता है। वाणी पर नियंत्रण रखें। आपसी संबंधों को महत्व दें।

?वृष
मान-सम्मान में बढ़ोतरी होगी। मेहनत का फल मिलेगा। पुराना रोग उभर सकता है। धन प्राप्ति होगी। व्यावसायिक श्रेष्ठता का लाभ मिलेगा।

?मिथुन
शुभ समाचार मिलेंगे। सम्मान बना रहेगा। फालतू खर्च होगा। भागदौड़ रहेगी। प्रयास अधिक करना पड़ेंगे। कामकाज की अनुकूलता रहेगी।

?कर्क
लेन-देन में सावधानी रखें। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। उन्नति के मार्ग प्रशस्त होंगे। शारीरिक कष्ट संभव है। सतर्कता से कार्य करें।

?सिंह
व्ययवृद्धि से तनाव रहेगा। अपेक्षाकृत कार्यों में बाधा आएगी। विवाद को बढ़ावा न दें। चिंता रहेगी। नए विचार, योजना पर चर्चा होगी।

??कन्या
चोट व रोग से बचें। डूबी हुई रकम प्राप्त हो सकती है। यात्रा मनोरंजक रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। मानसिक संतोष, प्रसन्नता रहेगी।

तुला
चोट व रोग से बाधा संभव है। नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। मान-सम्मान में वृद्धि होगी। व्यापार-व्यवसाय अच्छा चलेगा।

?वृश्चिक
राजकीय कोप भुगतना पड़ सकता है। वाणी पर नियंत्रण रखें। पूजा-पाठ में मन लगेगा। बाधा दूर होगी। दूसरों की नकल न करें।

?धनु
भय, पीड़ा व तनाव का माहौल रहेगा। वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। जल्दबाजी बिलकुल न करें। स्वयं के निर्णय लाभप्रद रहेंगे।

?मकर
प्रेम-प्रसंग में जोखिम न लें। कानूनी बाधा दूर होगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। पारिवारिक जीवन संतोषप्रद रहेगा।

?कुंभ
शत्रु परास्त होंगे। सुख के साधन जुटेंगे। भूमि व भवन संबंधी योजना बनेगी। उन्नति के स्रोत बढ़ेंगे। कार्य के विस्तार की योजनाएं बनेंगी।

?मीन
विवेक का प्रयोग करें। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। पार्टी व पिकनिक का आनंद प्राप्त होगा। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें।

?आपका दिन मंगलमय हो?
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